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तारकनाथ दास

तारकनाथ दास या तारक नाथ दास, एक ब्रिटिश-विरोधी भारतीय बंगाली क्रांतिकारी और अंतर्राष्ट्रवादी विद्वान थे। वे उत्तरी अमेरिका के पश्चमी तट में एक अग्रणी आप्रवासी थे और टॉल्स्टॉय के साथ अपनी योजनाओं के बारे में चर्चा किया करते थे, जबकि वे भारतीय स्वत ...

                                               

त्रैलोक्यनाथ चक्रवर्ती

त्रैलोक्यनाथ चक्रवर्ती भारत के क्रान्तिकारी एवं स्वतंत्रता सेनानी थे। भारत को स्वतंत्र कराने के लिए उन्होने अपने जीवन के श्रेष्ठतम तीस वर्ष जेल की काल कोठरियों में बिताये। उनका संघर्षशील व्यक्तित्व, अन्याय, अनीति से जीवनपर्यन्त जूझने की प्रेरक कह ...

                                               

थोगन संगमा

थोगन नेगमेइया संगमा भारत के क्रांतिकारी थे जिन्होने १८७२ में ब्रिटिश द्वारा गारो पहाड़ियों पर कब्जा के विरुद्ध स्थानीय गारो योद्धाओं का नेतृत्व किया।

                                               

दिनेश दासगुप्त

दिनेश दासगुप्त भारत के स्वतंत्रता आन्दोलन के महान क्रांतिकारी थे। अंग्रेजों ने उन्हें काले पानी की सजा दी थी। अगर सच्चे अर्थों में किसी को क्रांतिकारी समाजवादी कहा जा सकता है तो दिनेश दासगुप्त के नाम का स्मरण आयेगा ही. १६ वर्ष की उम्र में वे मास् ...

                                               

दुर्गा भाभी

दुर्गा भाभी भारत के स्वतंत्रता संग्राम में क्रान्तिकारियों की प्रमुख सहयोगी थीं। १८ दिसम्बर १९२८ को भगत सिंह ने इन्ही दुर्गा भाभी के साथ वेश बदल कर कलकत्ता-मेल से यात्रा की थी। दुर्गाभाभी क्रांतिकारी भगवती चरण बोहरा की धर्मपत्नी थीं।

                                               

धीरन चिन्नमलै

धीरन चिन्नमलै का जन्म 17 अप्रैल 1756 को, तमिलनाडु के कंगयम के पास नाथकाडाय्यूर मेलापालयम में हुआ था। उनका जन्मनाम थिर्थगिरि सर्ककरई मंडराडिया था। उनके माता-पिता राथिनम सरकारकाई मंडराडियाय और पेरियाथल थे। उनके तीन भाई कुलंधिसामी, किलेधर, कुट्टीसाम ...

                                               

नसीम मिर्ज़ा चंगेज़ी

नसीम मिर्ज़ा चंगेज़ी नसीम मिर्जा एक भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन में एक स्वतंत्रता सेनानी व क्रांतिकारी कार्यकर्ता थे। इन का कहना था की यह चंगेज ख़ान की संतानों में से थे। यह भी माना जाता था कि वह उनकी मृत्यु के समय भारत के सबसे पुराने जीवित व्यक्तिय ...

                                               

नागेन्द्रनाथ दत्त

नागेन्द्रनाथ दत्त भारत की स्वतंत्रता-संग्राम के महान क्रांतिकारी थे। वे गिरिजा बाबू के नाम से प्रसिद्ध हैं। उनका सम्बन्ध अनुशीलन समिति से था। उनका जन्म १८९८ में सिल्हट में हुआ था। वे बचपन से ही अंग्रेज-विरोधी गतिविधियों में सम्मिलित थे। १४ वर्ष क ...

                                               

नाना पाटील

नाना पाटील भारत के स्वतंत्रता संग्राम के सेनानी तथा सांसद थे। उन्हें क्रांतिसिंह कहा जाता है। ब्रिटिश सत्ता को सीधे चुनौती देते हुए उन्होंने अंग्रेजी शासन प्रशासन को अस्वीकाकर दिया और 1940 में ही सातारा जिले में प्रति सरकार नाम से एक स्वतंत्र सरक ...

                                               

पुलिन बिहारी दास

पुलिनबिहारी दास भारत के महान स्वतंत्रता प्रेमी व क्रांतिकारी थे। उन्होंने भारत की स्वतंत्रता के लिए "ढाका अनुशीलन समिति" नामक क्रांतिकारी संगठन की स्थापना की व अनेक क्रांतिकारी घटनाओं को अंजाम दिया।

                                               

प्रतापसिंह बारहठ

उनका जन्म राजस्थान के उदयपुर में २४ मई १८९३ में हुआ था।वे क्रान्तिवीर ठा.केसरी सिंह बारहठ के पुत्र थे। प्रारंभिक शिक्षा कोटा, अजमेऔर जयपुर में हुई। क्रांतिकारी मास्टर अमीरचंद से प्रेरणा लेकर देश को स्वतंत्र करवाने में जुट गए। वे रासबिहारी बोस का ...

                                               

प्रफुल्ल चाकी

प्रफुल्ल चाकी भारत के स्वतन्त्रता सेनानी एवं महान क्रान्तिकारी थे। भारतीय स्वतन्त्रता के क्रान्तिकारी संघर्ष में उनका नाम अत्यन्त सम्मान के साथ लिया जाता है।

                                               

प्राण सुख यादव

प्राण सुख यादव एक सेना नायक, 1857 की क्रांति में भागीदार क्रांतिकारी तथा सिख कमांडर हरी सिंह नलवा के मित्र थे। अपने पूर्व के समय में वह सिख खालसा सेना व फ्रेंच आर्म्स की तरफ से लड़ते थे। महाराजा रणजीत सिंह के निधन के बाद उन्होने प्रथम व द्वितीय ब ...

                                               

बटुकेश्वर दत्त

बटुकेश्वर दत्त भारत के स्वतंत्रता संग्राम के महान क्रान्तिकारी थे। बटुकेश्वर दत्त को देश ने सबसे पहले ८ अप्रैल १९२९ को जाना, जब वे भगत सिंह के साथ केन्द्रीय विधान सभा में बम विस्फोट के बाद गिरफ्तार किए गए। उन्होनें आगरा में स्वतंत्रता आन्दोलन को ...

                                               

बसन्त कुमार विश्वास

युवा क्रांतिकारी व देशप्रेमी श्री बसंत कुमार बिस्वास बंगाल के प्रमुख क्रांतिकारी संगठन युगांतर के सदस्य थे। उन्होंने अपनी जान पर खेल कर वायसराय लोर्ड होर्डिंग पर बम फेंका था और इस के फलस्वरूप उन्होंने 20 वर्ष की अल्पायु में ही देश पर अपनी जान न्य ...

                                               

बसावन सिंह

बसावन सिंह भारत के स्वतंत्रता संग्राम के महान क्रांतिकारी थे। उनका जन्म २३ मार्च १९०९ इस्वी को जमालपुर, वैशाली, बिहार मे हुआ था। उनकी औपचारिक शिक्शा दसवीं के बाद समाप्त हो गयी क्योंकि उन्होने १९२०-२१ के असहयोग आन्दोलन मे भाग लिया। उसके बाद मे वे ...

                                               

बाबा गुरमुख सिंह

1914 में वह कनाडा जाने के लिए एक जापानी फर्म से किराए पर लिया गए जहाज कोमागाटा मारू पर चढ़े। हांगकांग में, उसे कनाडाई सरकार द्वारा लगागए नए प्रतिबंधों के बारे में पता चला। कनाडा पहुंचने पर, यात्रियों को उतरने की अनुमति नहीं थी, और उन्हें भारत लौट ...

                                               

बाबू गेनू सैद

बाबू गेनू सैद भारत के स्वतंत्रता-संग्राम सेनानी एवं क्रांतिकारी थे। उन्हें भारत में स्वदेशी के लिये बलिदान होने वाला पहला व्यक्ति माना जाता है। 1930 में महात्मा गांधी ने नमक सत्याग्रह आरम्भ किया | भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में इसका विशेष महत्व है ...

                                               

बारीन्द्र कुमार घोष

वारीन्द्रनाथ घोष भारत के महान स्वतंत्रता सेनानी और पत्रकार तथा "युगांतर" के संस्थापकों में से एक थे। वह बारिन घोष नाम से भी लोकप्रिय हैं। बंगाल में क्रांतिकारी विचारधारा को फेलाने का श्री बारीन्द्और भूपेन्द्र नाथ दत्त को ही जाता है। महान अध्यात्म ...

                                               

भगत राम तलवार

भगत राम तलवार भारत के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी थे। सन १९४१ में गृहबन्दी से सुभाष चन्द्र बोस को छुड़ाकर भगाने में भगत राम की महती भूमिका थी। दोनों ने एक साथ कोलकाता से काबुल तक की यात्रा की, जिसके बाद नेताजी जर्मनी चले गये। भगत राम तलवार वस्तुतः ...

                                               

भगवान सिंह ज्ञानी

डॉ॰ भगवान सिंह ज्ञानी ‘प्रीतम’ भारतीय राष्ट्रवादी तथा गदर पार्टी के प्रमुख नेता थे। वे 1914 से 1920 तक ग़दर पार्टी के अध्यक्ष रहे। प्रथम विश्वयुद्ध के समय १९१५ के गदर क्रान्ति में उनकी प्रमुख भूमिका थी। इस क्रान्ति के असफल होने पर वे जापान चले गय ...

                                               

भवभूषण मित्र

भवभूषण मित्र भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के क्रान्तिकारी थे जो सामजिक कार्य का त्याग कर मुक्तिसंग्रामी बन गये थे। वे अलीपुर बम काण्ड में अभियुक्त बनाये गये थे। वे बहुत दिनों तक आत्मगोपन की स्थिति में रहे। बाद में मुम्बई बन्दरगाह से गिरफ्तार किये गय ...

                                               

भाई बालमुकुन्द

भाई बालमुकुन्द भारत के स्वतंत्रता संग्राम के क्रांतिकारी थे। सन 1912 में दिल्ली के चांदनी चौक में हुए लॉर्ड हार्डिग बम कांड में मास्टर अमीरचंद, भाई बालमुकुंद और मास्टर अवध बिहारी को 8 मई 1915 को ही फांसी पर लटका दिया गया, जबकि अगले दिन यानी 9 मई ...

                                               

भारतीय राष्ट्रीय परिषद

भारतीय राष्ट्रीय परिषद भारतीय राष्ट्रीय परिषद थाईलैंड में रहने वाले भारतीय राष्ट्रवादियों द्वारा बैंकॉक में दिसंबर 1941 में स्थापित एक संगठन था। संगठन की स्थापना 22 दिसंबर 1941 को थाई-भारत सांस्कृतिक लॉज से की गई थी। परिषद के संस्थापक अध्यक्ष स्व ...

                                               

भूपेन्द्र कुमार दत्त

भूपेन्द्र कुमार दत्त भारतीय स्वतंत्रता के लिये अंग्रेजों से संघर्ष करने वाले प्रसिद्ध क्रांतिकारी थे। युगान्तर के नेता के रूप में योगदान के अलावा बिलासपुर जेल में ७८ दिन तक का भूख हड़ताल करने का कीर्तिमान उनके ही नाम है।

                                               

भूपेन्द्रनाथ दत्त

डॉ भूपेंद्रनाथ दत्त भारत के स्वतंत्रता संग्राम के प्रसिद्ध क्रांतिकारी तथा समाजशास्त्री थे। अपने युवाकाल में वे युगान्तर आन्दोलन से नजदीकी से जुड़े थे। अपनी गिरफ्तारी तक वे युगान्तर पत्रिका के सम्पादक थे। स्वामी विवेकानन्द उनके बड़े भाई थे।

                                               

मथुरा सिंह

डॉ मथुरा सिंह भारतीय स्वतन्त्रता सेनानी एवं गदर पार्टी के कार्यकर्ता थे। वे पेशे से रसायन शास्त्र के विद्वान थे। सन १९१७ में ब्रितानी सरकार ने उन्हें फांसी दे दी।

                                               

मास्टर अमीर चंद

मास्टर अमीर चंद भारत की स्वतंत्रता-संग्राम के क्रांतिकारी थे। अमीर चंद का जन्म 1869 में हैदराबाद की विधानसभा के सेक्रेटरी के घर हुआ था। उनके मन में देश भक्ति की मान्यता इतनी प्रबल थी कि स्वदेशी आंदोलन के दौरान हैदराबाद के बाजार में उन्होंने स्वदे ...

                                               

मुरारी शर्मा

मुरारी शर्मा विश्वविख्यात काकोरी काण्ड में प्रत्यक्ष रूप से हिस्सा लेने वाले क्रान्तिकारी थे जिन्हें अन्त तक पुलिस गिरफ्तार नहीं कर पायी। इनका वास्तविक नाम मुरारीलाल गुप्त था परन्तु मुरारी शर्मा के छद्म नाम से इन्होंने हिन्दुस्तान रिपब्लिकन ऐसोसि ...

                                               

यतीन्द्र मोहन सेनगुप्त

यतीन्द्र मोहन सेनगुप्त भारत के एक क्रान्तिकारी थे जिन्होने ब्रिटिश शासन के विरुद्ध संघर्ष किया। ब्रितानी पुलिस ने उन्हें अनेकों बार गिरफ्तार किया। उनकी मृत्यु जेल के अन्दर ही हुई। उनकी पत्नी नेली सेनगुप्त, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की अध्यक्ष रहीं।

                                               

रमेश चन्द्र झा

रमेशचन्द्र झा भारतीय स्वाधीनता संग्राम में सक्रिय क्रांतिकारी थे जिन्होंने बाद में साहित्य के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय भूमिका निभाई। वे बिहार के एक स्वतंत्रता सेनानी होने के साथ साथ हिन्दी के कवि, उपन्यासकाऔर पत्रकार भी थे। बिहार राज्य के चम्पारण ...

                                               

रानी गाइदिन्ल्यू

रानी गिडालू या रानी गाइदिन्ल्यू भारत की नागा आध्यात्मिक एवं राजनीतिक नेत्री थीं जिन्होने भारत में ब्रिटिश शासन के विरुद्ध विद्रोह का नेतृत्व किया। उनको भारत सरकार द्वारा समाज सेवा के क्षेत्र में सन १९८२ में पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था। भारत ...

                                               

राव गोपाल सिंह खरवा

राव गोपालसिंह खरवा, राजपुताना की खरवा रियासत के शासक थे। अंग्रेजों के विरुद्ध विद्रोह करने के आरोप में उन्हें टोडगढ़ दुर्ग में ४ वर्ष का कारावास दिया गया था।

                                               

रासबिहारी बोस

रासबिहारी बोस भारत के एक क्रान्तिकारी नेता थे जिन्होने ब्रिटिश राज के विरुद्ध गदर षडयंत्र एवं आजाद हिन्द फौज के संगठन का कार्य किया। इन्होंने न केवल भारत में कई क्रान्तिकारी गतिविधियों का संचालन करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी, अपितु विदेश में ...

                                               

लोकनाथ बल

लोकनाथ बल भारत के स्वतंत्रता संग्राम के सेनानी थे। वे भी हमारे उन गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों में से हैं। वह मास्टर सूर्यसेन के सशस्त्र प्रतिरोधी बल के सदस्य थे और उसके बाद वह भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से जुड़ गए। स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद वह कल ...

                                               

वंचिनाथन

वांचिनाथन, जो वांचि के नाम से लोकप्रिय थे, एक भारतीय तमिल स्वतंत्रता सैनानी थे। उन्हें तिरुनेलवेली के कलेक्टर ऐश की हत्या के संदर्भ में अधिक जाना जाता है और उन्होंने बाद में गिरफ्तारी से बचने के लिए आत्महत्या कर ली.

                                               

वासुदेव बलवन्त फड़के

वासुदेव बलवंत फडके भारत के स्वतंत्रता संग्राम के क्रांतिकारी थे जिन्हें आदि क्रांतिकारी कहा जाता है। वे ब्रिटिश काल में किसानों की दयनीय दशा को देखकर विचलित हो उठे थे। उनका दृढ विश्वास था कि स्वराज ही इस रोग की दवा है। जिनका केवल नाम लेने से युवक ...

                                               

विष्णु गणेश पिंगले

विष्णु गणेश पिंगले भारत के स्वतंत्रता संग्राम के एक क्रान्तिकारी थे। वे गदर पार्टी के सदस्य थे। लाहौर षडयंत्र केस और हिन्दू-जर्मन षडयंत्र में उनको सन् १९१५ फांसी की सजा दी गयी। विष्णु का जन्म 2 जनवरी 1888 को पूना के गांव तलेगांव में हुआ। सन 1911 ...

                                               

वीर अझगू मुतू कोणे

वीरन अझगू मुत्तू कोणे, एक यादव सेनापति थे व तमिलनाडू के मदुरै क्षेत्र के प्रथम स्वतन्त्रता सेनानी थे जिनहोने ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी के खिलाफ बगावत की थी। अझगुमूत्तु कोणे डाक टिकट का विमोचन केन्द्रीय मंत्री श्री रवि शंकर प्रसाद ने किया।

                                               

वीर सुरेन्द्र साए

सुरेन्द्र साए भारत के अग्रणी स्वाधीनता संग्राम सेनानी थे। १८५७ के विद्रोह के ३० वर्ष पूर्व ही उन्होने ब्रिटिश सरकार के विरुद्ध ‘उलगुलान’ आरम्भ किया था। उनका सम्पूर्ण जीवनकाल ७५ वर्ष का था जिसमें से ३६ बर्ष का समय उन्होने कारागार में बिताया था।

                                               

वीरेन्द्रनाथ चट्टोपाध्याय

वीरेन्द्रनाथ चट्टोपाध्याय उपाख्य चट्टो भारत के स्वतंत्रता संग्राम के महान क्रांतिकारी थे जिन्होने सशस्त्र कार्यवाही करके अंग्रेजी साम्राज्य को उखाड़ फेंकने का प्रयत्न किया। इन्होने अधिकांश कार्य विदेशों में रहकर किया। आजाद हिन्द फौज की नींव डालने ...

                                               

शंकर शाह

शंकर शाह गोंडवाना के राजा थे जिन्हें अंग्रेजों ने अपने पुत्र सहित १८ सितम्बर १८५८ को विप्लव भड़काने के अपराध में तोप के मुँह से बांधकर उड़ा दिया था। ये दोनों गोंड समाज से हैं। उनके पुत्र का नाम कुंवर रघुनाथ शाह था। 1857 के विद्रोह की ज्वाला सम्पू ...

                                               

शचींद्रनाथ सान्याल

शचींद्रनाथ सान्याल क्वींस कालेज में अपने अध्ययनकाल में उन्होंने काशी के प्रथम क्रांतिकारी दल का गठन 1908 में किया। 1913 में फ्रेंच बस्ती चंदननगर में सुविख्यात क्रांतिकारी रासबिहारी बोस से उनकी मुलाकात हुई। कुछ ही दिनों में काशी केंद्र का चंदननगर ...

                                               

सरदार अजीत सिंह

सरदार अजीत सिंह भारत के सुप्रसिद्ध राष्ट्रभक्त एवं क्रांतिकारी थे। वे भगत सिंह के चाचा थे। उन्होने भारत में ब्रितानी शासन को चुनौती दी तथा भारत के औपनिवेशिक शासन की आलोचना की और खुलकर विरोध भी किया। उन्हें राजनीतिक विद्रोही घोषित कर दिया गया था। ...

                                               

हेमू कालाणी

जब वे किशोर वयस्‍क अवस्‍था के थे तब उन्होंने अपने साथियों के साथ विदेशी वस्तुओं का बहिष्कार किया और लोगों से स्वदेशी वस्तुओं का उपयोग करने का आग्रह किया। सन् १९४२ में जब महात्मा गांधी ने भारत छोड़ो आन्दोलन चलाया तो हेमू इसमें कूद पड़े। १९४२ में उ ...

                                               

नफीसा जोसेफ

नफीसा जोसेफ एक भारतीय मॉडल और एमटीवी वीडियो जॉकी थीं। वे 1997 के मिस इंडिया यूनिवर्स की विजेता रही और मिस यूनिवर्स सौंदर्य स्पर्धा में सेमी-फाइनल तक पहुंची.

                                               

अंजू बॉबी जॉर्ज

अंजू बॉबी जॉर्ज मलयालम: അഞ്ജു ബോബി ജോര്‍ജ്ജ് एक भारतीय एथलीट है। अंजू बॉबी जॉर्ज ने 2003 में पेरिस में आयोजित विश्व एथलेटिक्स चैंपियनशिप में लंबी कूद में कांस्य पदक जीत कर इतिहास रचा था। इस उपलब्धि के साथ वह पहली ऐसी भारतीय एथलीट बनीं, जिसने विश् ...

                                               

भारत के नौसेनाध्यक्ष

साँचा:Infobox US Navy The Chief of the Naval Staff is the commander and typically the highest-ranking officer in the Indian Navy. The position is abbreviated CNS in Indian Navy cables and communication. The rank associated with the position is us ...

                                               

कृष्णास्वामी सुंदरजी

जनरल कृष्णास्वामी सुंदरजी, पीवीएसएम, १९८६ से १९८८ तक भारतीय सेना के सेनाध्यक्ष थे। अपने सेना के करियर के दौरान, उन्होंने इंदिरा गांधी के आदेशों के तहत,स्वर्ण मंदिर से आतंकवादियों को बाहर करने के लिए,ऑपरेशन ब्लू स्टार के संचालन की स्वीकृति दी थी । ...

                                               

के एम करिअप्पा

फील्ड मार्शल कोडंडेरा मडप्पा करिअप्पा, ऑर्डर ऑफ़ ब्रिटिश एम्पायर, मेन्शंड इन डिस्पैचैस, लीजियन ऑफ मेरिट भारत के पहले सेनाध्यक्ष थे। उन्होने सन् १९४७ के भारत-पाक युद्ध में पश्चिमी सीमा पर भारतीय सेना का नेतृत्व किया। वे भारत के दो फील्ड मार्शलों म ...